मोबाइल कोर्ट की टीम पर मनमानी का आरोप, छोटे बकाया पर भारी जुर्माने से नाराजगी
(खबर सत्याग्रह)इंदौर के पाटनीपुरा क्षेत्र में शनिवार को नगर निगम की मोबाइल कोर्ट द्वारा की गई चालानी कार्रवाई के दौरान विवाद की स्थिति बन गई। सड़क पर रखे सामान, दुकानों के बाहर लगे बोर्ड और गुमाश्ता लाइसेंस की जांच को लेकर टीम ने कई दुकानदारों पर जुर्माना लगाया, जिससे व्यापारी आक्रोशित हो गए।व्यापारियों का आरोप है कि मामूली गलतियों पर भी भारी-भरकम जुर्माना वसूला जा रहा था। उनका कहना है कि यदि किसी का 500 रुपए का शुल्क बकाया था या गुमाश्ता लाइसेंस का नवीनीकरण नहीं हुआ था, तो सीधे 5 हजार रुपए का चालान काटा जा रहा था। दुकानों के बाहर लगे बोर्ड और ओटले को भी अतिक्रमण बताकर कार्रवाई की गई।कार्रवाई से नाराज व्यापारियों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए चक्काजाम कर दिया। हालात बिगड़ते देख निगम की टीम को वापस लौटना पड़ा। मौके पर निगम की करीब 25 से 30 गाड़ियां पहुंची थीं और लगभग हर दुकान की जांच की गई, जिससे व्यापारियों में असंतोष और बढ़ गया।दुकानदारों ने बताया कि उनसे दस्तावेज और टैक्स की रसीदें मांगी गईं तथा छोटी-छोटी कमियों पर भी चालान बनाया गया। उनका कहना है कि यदि वास्तव में फुटपाथ पर अतिक्रमण है तो कार्रवाई उचित है, लेकिन बिना कारण परेशान करना गलत है।इधर, निगम अधिकारियों का कहना है कि कार्रवाई पूरी तरह नियमों के तहत की गई है और इस प्रकार की कार्रवाई पहले भी की जा चुकी है। व्यापारियों ने पार्षद और सभापति मुन्नालाल यादव से फोन पर संपर्क कर मामले में हस्तक्षेप की मांग की है।
